ऑक्सीजोन, लाइब्रेरी और इंफ्रास्ट्रक्चर से बदलेगी शहर की पहचान
एक वर्ष में धरातल पर आएंगी कई बड़ी योजनाएं; लापरवाही पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
रायगढ़, 17 जनवरी 2026
अमृत टुडे। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की विकासोन्मुखी दृष्टि के अनुरूप रायगढ़ शहर को आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में राज्य सरकार तेजी से काम कर रही है। इसी क्रम में वित्त मंत्री एवं रायगढ़ विधायक ओपी चौधरी ने आज शहर में निर्माणाधीन विभिन्न विकास परियोजनाओं का निरीक्षण किया और उनकी प्रगति की विस्तृत समीक्षा की।

चौधरी ने अधिकारियों और इंजीनियरों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर उच्च गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ पूर्ण किए जाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंत्री ने बताया कि अधिकांश परियोजनाएं तेज गति से आगे बढ़ रही हैं और अगले एक वर्ष के भीतर कई महत्वपूर्ण कार्य दृश्यमान हो जाएंगे।
निरीक्षण के दौरान महापौर जीवर्धन चौहान, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी, जिला पंचायत सीईओ अभिजीत बबन पठारे, नगर निगम आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

ऑक्सीजोन और नागरिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान
वित्त मंत्री ने शहर के इतवारी बाजार और कबीर चौक में बन रहे ऑक्सीजोन का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि ये हरित क्षेत्र नागरिकों को स्वच्छ, शांत और सुरक्षित वातावरण प्रदान करेंगे तथा योग, सैर और व्यायाम जैसी गतिविधियों के लिए आदर्श स्थल बनेंगे। शहर में ओवरब्रिजों पर बनाए जा रहे भित्तिचित्रों और कलात्मक पेंटिंग की गुणवत्ता की सराहना करते हुए उन्होंने इसे रायगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने वाली पहल बताया।
शिक्षा, पर्यटन और सार्वजनिक इंफ्रास्ट्रक्चर को नई दिशा
वित्त मंत्री ने नालंदा परिसर में 40 करोड़ रुपए की लागत से बन रही अत्याधुनिक लाइब्रेरी की प्रगति का भी जायजा लिया। उन्होंने कहा कि यह लाइब्रेरी विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षा अभ्यर्थियों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का अध्ययन केंद्र बनेगी, जिसमें अत्याधुनिक तकनीक और ई-रीडिंग सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

उन्होंने किसान राइस मिल परिसर में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की और पहाड़ मंदिर पहुंचकर वहाँ प्रस्तावित पर्यटन विकास योजनाओं पर अधिकारियों से विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएं रायगढ़ को आधुनिक शहर के रूप में विकसित करने में मील का पत्थर साबित होंगी।
ट्रैफिक समस्या के समाधान की दिशा में बड़ा कदम: नया इंटरस्टेट बस टर्मिनल
शहर की बढ़ती यातायात समस्याओं को ध्यान में रखते हुए ट्रांसपोर्ट नगर स्थित बस स्टैंड में 19.55 करोड़ रुपये की लागत से एक सर्वसुविधायुक्त इंटरस्टेट बस टर्मिनल का निर्माण प्रस्तावित है। वित्त मंत्री ने बताया कि इस टर्मिनल के बनने से शहर के भीतर यातायात दबाव कम होगा और यात्रियों को बेहतर व आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी। सुव्यवस्थित यातायात प्रबंधन से शहरवासियों को जाम की समस्या से राहत मिलेगी।




