चित्रकूट, तीरथगढ़ जलप्रपात, कोटमसर गुफा, बारसूर का अवलोकन। नरहरा, रुद्री, जबर्रा समितियों के 40 सदस्य।
चिलकुटी मेटल विलेज, आदिवासी बाजार, जनजातीय नृत्य अध्ययन। होमस्टे, ग्रामीण शैली सीखी। प्रमाण पत्र वितरण।
अमृत टुडे, रायपुर छत्तीसगढ़ 14 अप्रैल 2026 । शैल सहारे बोलीं, “भ्रमण से पर्यटन आजीविका के नए आयाम सीखे, स्थानीय रोजगार बढ़ाएंगे।”

विवरण: जिला प्रशासन के बस्तर एक्सपोजर विजिट से लौटे नरहरा, रुद्री, निरई, मेचका, सिहावा, गंगरेल, जबर्रा पर्यटन समितियों के 40 सदस्यों ने लाइवलीहुड कॉलेज में सांसद रूपकुमारी चौधरी, भोजराज नाग, विधायक ओंकार साहू, अंबिका मरकाम से अनुभव साझा किए। चित्रकूट-तीरथगढ़ जलप्रपात, कोटमसर गुफा, नारायणपाल मंदिर, बारसूर, चिलकुटी मेटल विलेज, आदिवासी बाजार व जनजातीय संस्कृति सीखी। होमस्टे व ग्रामीण जीवन से पर्यटन आधारित रोजगार के सुझाव दिए। जनप्रतिनिधियों ने सहयोग का भरोसा दिया, प्रमाण पत्र बांटे। यह पहल स्थानीय पर्यटन विकास को गति देगी।




