नशा मुक्त भारत, सुरक्षित समाज: युवा पीढ़ी से नशे को ना कहने की शपथ
अमृत टुडे, रायपुर छत्तीसगढ़
02 सितम्बर 2026 । रायपुर में एम्स के तीसरे दीक्षांत समारोह में उपराष्ट्रपति ने कहा कि छत्तीसगढ़ ने मजबूत राजनीतिक इच्छाशक्ति, दृढ़ सुरक्षा नीति और विकासोन्मुखी शासन से नक्सलवाद को समाप्त किया। उन्होंने युवा चिकित्सकों से ज्ञान के साथ करुणा और नैतिक मूल्य अपनाने, नशे से दूर रहने और राष्ट्र के स्वास्थ्य को मजबूत बनाने का आह्वान किया।

विवरण : अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान रायपुर के तीसरे दीक्षांत समारोह में उपराष्ट्रपति ने कहा कि यह संस्थान मध्य भारत में स्वास्थ्य सेवाओं, चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान की क्षेत्रीय असमानताओं को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने छत्तीसगढ़ के दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों में दशकों से चली आ रही चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि अब भय और हिंसा के स्थान पर सड़क, स्कूल, अस्पताल और अवसरों का युग आया है।

उपराष्ट्रपति ने छत्तीसगढ़ में पहले किडनी प्रत्यारोपण, कॉर्नियल और कान प्रत्यारोपण जैसी उपलब्धियों की सराहना की। उन्होंने उच्च शिक्षा में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी पर प्रकाश डाला और स्नातकों से नशीली दवाओं को न कहने, प्रौद्योगिकी को सभी तक पहुंचाने और बेहतर भविष्य की आकांक्षा करने का आह्वान किया। राज्यपाल ने चिकित्सा में ज्ञान के साथ धैर्य, करुणा और जिम्मेदारी की आवश्यकता पर जोर दिया। केंद्रीय राज्य मंत्री ने आयुष्मान भारत जैसी राष्ट्रीय स्वास्थ्य पहलों का उल्लेख किया। समारोह में 689 विद्यार्थियों को डिग्री प्रमाण पत्र और 16 मेधावी छात्रों को पुरस्कार प्रदान किए गए।




