• Fri. Feb 6th, 2026
Spread the love

बस्तर, 06 फरवरी 2026

अमृत टुडे। बस्तर की फिजा में अब बारूद की गंध नहीं, बल्कि विकास और आत्मनिर्भरता की खुशबू महसूस की जा रही है। हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा में लौटे युवाओं के लिए आज का दिन एक नई सुबह लेकर आया, जब प्रदेश के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने उन्हें स्वावलंबन की राह दिखाई। फूड एंड बेवरेज का विशेष प्रशिक्षण प्राप्त बीजापुर जिले के 30 पुनर्वासित युवाओं को आज जिंदगी की शुरुआत के संसाधन प्राप्त हुए।

इस गरिमामय समारोह में उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने प्रशिक्षण पूरा करने वाले युवाओं को पासिंग आउट सर्टिफिकेट प्रदान किए। साथ ही उन्हें अपना रोजगार शुरू करने के लिए टूलकिट और संपर्क साधन के रूप में मोबाइल फोन वितरित किए। उप मुख्यमंत्री ने इन युवाओं के मुख्यधारा में लौटने के साहस की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और उम्मीद जताई कि वे अब समाज निर्माण में अपनी सकारात्मक भूमिका निभाएंगे।

उप मुख्यमंत्री शर्मा ने पुनर्वासित युवाओं से संवाद कर प्रशिक्षण कार्यक्रम के बारे में जानकारी प्राप्त की और कहा कि बीजापुर जिला बहुत ही सुन्दर जिला है। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा होम स्टे पहल की शुरुआत की गई है, जिसके तहत कोई परिवार खेती किसानी के कामों के साथ ही एक कमरा बनाकर होम स्टे शुरू कर सकता है। आप लोगों को अभी होटल मैनेजमेंट का प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे आप होम स्टे का कार्य बेहतर ढंग से कर सकते हैं। उन्होंने सभी प्रशिक्षणार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यहां से अपने गांव जाकर अच्छे से जीवन यापन करें। साथ ही गांव के ऐसे युवाओं जो मुख्य धारा से भटक गए हैं उन्हें भी समझाएं। इस मौके पर वन मंत्री केदार कश्यप ने प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद शांति से जीवन यापन करने और जीवन के नई शुरुआत की शुभकामनाएं दी।

इस दौरान अवगत कराया गया कि बस्तर जिले में अब तक कुल 343 पुनर्वासितों को राजमिस्त्री, बकरीपालन, मुर्गीपालन और हॉस्पिटैलिटी जैसे विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षित किया जा चुका है। इनमें से 161 युवाओं को विशेष रूप से नुवा बाट आवासीय प्रशिक्षण केंद्र में निखारा गया है। कौशल विकास का यह क्रम निरंतर जारी है, और वर्तमान में 28 अन्य युवा इसी केंद्र में वेल्डिंग का प्रशिक्षण ले रहे हैं। यह पहल प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद को जड़ से समाप्त करने के संकल्प को सिद्ध करने में नुवा बाट केंद्र की महती भूमिका को रेखांकित करती है।

इस अवसर पर विधायक किरण सिंह देव सहित बस्तर कमिश्नर डोमन सिंह, पुलिस महानिरीक्षक सुन्दरराज पी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी प्रतीक जैन सहित अन्य जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिन्होंने इस बदलाव के साक्षी बनकर युवाओं का उत्साहवर्धन किया।

Leave a Reply