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अमृत टुडे, रायपुर छत्तीसगढ़

10 जून 2026 । छत्तीसगढ़ राज्य नीति आयोग के उपाध्यक्ष गणेश शंकर मिश्रा से आज यूनिसेफ छत्तीसगढ़ की प्रमुख सीमा कुमार ने अपने सहयोगी बाल परितोष दास के साथ सौजन्य भेंट की। बैठक में राज्य नीति आयोग एवं यूनिसेफ के मध्य विभिन्न विकासात्मक क्षेत्रों में पारस्परिक सहयोग को और सुदृढ़ करने पर विस्तृत चर्चा हुई।
उपाध्यक्ष मिश्रा ने बैठक के दौरान विशेष रूप से “बस्तर अंजोर- विशेष अभिसरण योजना” की अवधारणा और उद्देश्यों से अवगत कराया।

उन्होंने बताया कि बस्तर संभाग के समग्र एवं समावेशी विकास के लिए तैयार यह अभिनव मॉडल क्षेत्र में संचालित तीन प्रमुख पहलों- नियद नेल्लानार 2.0, बस्तर मुन्ने एवं स्वस्थ बस्तर, को राष्ट्रीय विकास लक्ष्यों जैसे सतत विकास लक्ष्य (SDGs) 2030, विकसित छत्तीसगढ़ @2047 तथा आकांक्षी जिला एवं विकासखंड कार्यक्रमों से जोड़ता है। यह पूरी प्रक्रिया अतिरिक्त वित्तीय संसाधनों के बिना, विभिन्न विभागों एवं संस्थाओं के प्रभावी समन्वय के माध्यम से संचालित की जा सकती है।

मिश्रा ने कहा कि बस्तर के बच्चों, माताओं और परिवारों तक शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का अधिकतम लाभ पहुंचाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण, प्रारंभिक बाल्यावस्था विकास तथा सामुदायिक सहभागिता जैसे क्षेत्रों में यूनिसेफ की तकनीकी विशेषज्ञता बस्तर अंजोर योजना को और अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
बैठक में विकसित छत्तीसगढ़ @2047 की दीर्घकालिक विकास परिकल्पना, मानव विकास सूचकांकों में सुधार तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य एवं कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया। मिश्रा ने कहा कि स्वस्थ, शिक्षित और सक्षम बच्चे तथा माताएं विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव हैं और इस दिशा में सभी साझेदार संस्थाओं के सहयोग से बेहतर परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं।

यूनिसेफ छत्तीसगढ़ प्रमुख सीमा कुमार ने बस्तर अंजोर विशेष अभिसरण योजना सहित विभिन्न प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में निरंतर तकनीकी सहयोग एवं संस्थागत समर्थन प्रदान करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यूनिसेफ राज्य के बच्चों एवं महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार के लिए राज्य सरकार के साथ मिलकर कार्य करता रहेगा।

उल्लेखनीय है कि यूनिसेफ, छत्तीसगढ़ राज्य नीति आयोग का एक दीर्घकालिक तकनीकी सहयोगी रहा है और राज्य में स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा एवं बाल विकास से संबंधित अनेक पहलों में सहयोग प्रदान करता रहा है।
बैठक में राज्य नीति आयोग के सदस्य सचिव आशीष कुमार भट्ट तथा संयुक्त संचालक डॉ. नीतू गोर्डिया भी उपस्थित थीं।

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